एयरलाइन इंडस्ट्री का हुआ निजीकरण, अब भी बरकरार रहेगा वीआईपी कल्चर

भारत सरकार ने एयरलाइन इंडस्ट्री को अब प्राइवेट कर दिया गया है. जिसके बाद एयर पोर्ट की संख्या को भी बढ़ा दिया जाएगा. वहीं वीआइपी कल्चर अभी भ...
Flight 2 (1)

भारत सरकार ने एयरलाइन इंडस्ट्री को अब प्राइवेट कर दिया गया है. जिसके बाद एयर पोर्ट की संख्या को भी बढ़ा दिया जाएगा. वहीं वीआइपी कल्चर अभी भी बरकरार रहेगा. केंद्रीय उड्डयन मंत्रालय की तरफ से 21 सितंबर को लैटर जारी किया गया था जिसमें एयर लाइन कंपनी को नियमों का पालन करने के लिए सुनिश्चित किया गया था. बता दें पिछले दो दशकों से भारत सरकार एयर इंडिया के निजीकरण की कोशिश कर रही थी. इस दौरान केंद्र में 5 बार सरकारें बदलीं.

एयर इंडिया हमेशा से सरकारी कंपनी नहीं थी. इसे 1932 में जेआरडी टाटा ने “टाटा एयरलाइंस” के नाम से शुरू किया था. शुरु में यह कराची से मद्रास तक वीकली फ्लाइट सर्विस मुहैया कराती थी, जो अहमदाबाद और बॉम्बे होते हुए जाती थी. इस एयरलाइन ने अपने पहले साल में 155 यात्रियों और 10.71 टन चिठ्ठियों को लेकर 2,60,000 किलोमीटर की उड़ान भरी. इस दौरान इसने 60,000 रुपये का मुनाफा कमाया. द्वितीय विश्व युद्ध के बाद यह एयरलाइन एक पब्लिक लिमिटेड कंपनी में बदल गई और इसका नाम एयर इंडिया हो गया.

एयर इंडिया इंटरनेशनल कर दिया गया था नाम

भारत सरकार ने एयरलाइन का नाम बदलकर एयर इंडिया इंटरनेशनल कर दिया और इसकी घरेली उड़ान सेवा को रिस्ट्रक्चरिंग के तहत इंडियन एयरलाइंस को ट्रांसफर कर दिया गया. अगले 40 सालों तक एयर इंडिया की गिनती केंद्र सरकार के रत्नों में होती रही और डोमेस्टिक एयरलाइन के मार्केट शेयर का अधिकतर हिस्सा इसके पास बना रहा. हालांकि 1994 में सरकार ने एयर कॉरपोरेशन एक्ट 1953 को निरस्त कर दिया और एविएशन सेक्टर में प्राइवेट कंपनियों को भी भाग लेने की इजाजत दे दी. 1994-95 के अंत तक 6 प्राइवेट एयरलाइन ने इस सेक्टर में एंट्री की. इनमें जेट एयरवेज, एयर सहारा, मोदीलुफ्त, दमानिया एयरवेज, NEPC एयरलाइन और ईस्ट-वेस्ट एयरलाइंस शामिल हैं.

एयर इंडिया ने इस दौरान प्रीमियम सेवाएं देना जारी और देश के इंटरनेशन ट्रैफिक के अधिकांश हिस्से पर उसका कंट्रोल बना रहा है. हालांकि घरेलू मार्केट में उसने जेट एयरवेज और सहारा एयरलाइंस के हाथों मार्केट शेयर खोना शुरू कर दिया. यह दोनों एयरलाइंस लक्जरी सेवाएं नहीं मुहैया करा रही थीं, लेकिन वे किफायती रेट पर घरेलू उड़ान ऑफर कर रही थीं, जो लोगों को आकर्षित कर रहा था.

 

ये भी पढ़ें-पुंछ एनकाउंटर: आतंकियों से लोहा लेते हुए शहीद हुए जवानों की भावुक कर देने वाली कहानी

देश का ऑटोमोवाइल सेक्टर जल्द ही सवसे वड़े हव के रूम में अपनी पहचान वनाएगा। यह दावा केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने किया है। उन्होंने कहा कि पांच वर्ष में भारत का ऑटोमोवाइल क्षेत्र दुनिया में पहले नंवर पर पहुंच जाएगा।
यह भी पढ़ें
Name

General knowledge,2,Latest news update,113,National News,2696,राष्ट्रीय समाचार,2696,
ltr
item
राष्ट्रीय समाचार: एयरलाइन इंडस्ट्री का हुआ निजीकरण, अब भी बरकरार रहेगा वीआईपी कल्चर
एयरलाइन इंडस्ट्री का हुआ निजीकरण, अब भी बरकरार रहेगा वीआईपी कल्चर
https://images.tv9hindi.com/wp-content/uploads/2021/09/flight-2-1-1-1024x576.jpg
राष्ट्रीय समाचार
https://www.nishpakshmat.page/2021/10/blog-post_28.html
https://www.nishpakshmat.page/
https://www.nishpakshmat.page/
https://www.nishpakshmat.page/2021/10/blog-post_28.html
true
6650069552400265689
UTF-8
Loaded All Posts Not found any posts VIEW ALL Readmore Reply Cancel reply Delete By Home PAGES POSTS View All RECOMMENDED FOR YOU LABEL ARCHIVE SEARCH ALL POSTS Not found any post match with your request Back Home Sunday Monday Tuesday Wednesday Thursday Friday Saturday Sun Mon Tue Wed Thu Fri Sat January February March April May June July August September October November December Jan Feb Mar Apr May Jun Jul Aug Sep Oct Nov Dec just now 1 minute ago $$1$$ minutes ago 1 hour ago $$1$$ hours ago Yesterday $$1$$ days ago $$1$$ weeks ago more than 5 weeks ago Followers Follow THIS PREMIUM CONTENT IS LOCKED STEP 1: Share to a social network STEP 2: Click the link on your social network Copy All Code Select All Code All codes were copied to your clipboard Can not copy the codes / texts, please press [CTRL]+[C] (or CMD+C with Mac) to copy Table of Content